अरबी कला और संस्कृति में पिरोई गई लगभग 400 ग्राम वजनी सोने की म्यान अब प्रयागराज स्थित इलाहाबाद संग्रहालय की शोभा बढ़ाएगी। अरब देश के शाह ने उत्तर प्रदेश के राज्यपाल को यह म्यान उपहार स्वरूप भेंट की थी। पहले यह राजभवन में रखी थी। बाद में इसे इलाहाबाद संग्रहालय को सौंप दिया गया।
संग्रहालय की मीडिया प्रभारी डॉ. संजू मिश्रा ने बताया कि समय के साथ यह म्यान अपना मूल स्वरूप खो चुकी थी और सात टुकड़े हो गए थे। राष्ट्रीय सांस्कृतिक संपदा संरक्षण प्रयोगशाला स्वरूप अनुसंधान (एनआरएलसी) लखनऊ के विशेषज्ञों ने इलाहाबाद संग्रहालय में म्यान को मूल स्वरूप प्रदान किया। यह ऐतिहासिक महत्व के साथ-साथ अरबी कला व संस्कृति का से शुरू होने वाली प्रदर्शनी में इसे भी प्रतिनिधित्व करती है। 13 मार्च रखा जाएगा।
पहली बार प्रदर्शित होगी : डॉ. संजू मिश्रा ने बताया कि एकल वस्तु प्रदर्शन के अंतर्गत 15 दिन के लिए यह दुर्लभ म्यान संग्रहालय के केंद्रीय कक्ष में पहली बार प्रदर्शित की जाएगी। अब संग्रहालय में संरक्षित इस प्रकार की दुर्लभ राष्ट्रीय धरोहरों का आगे समय-समय पर विशेष प्रदर्शन किया जाएगा।
