पश्चिम एशिया में संघर्ष के बीच, पेट्रोलियम मंत्रालय ने स्पष्ट किया है कि घरेलू रसोई गैस की आपूर्ति पूरी तरह नियंत्रण में है और घबराने की कोई बात नहीं है। मंत्रालय ने आश्वस्त किया है कि घरेलू एलपीजी सिलिंडर के लिए औसत डिलिवरी समय 2.5 दिन बना हुआ है, यानी बुकिंग के बाद औसतन ढाई दिन के भीतर सिलिंडर घर पहुंच रहा है। – पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय की संयुक्त सचिव सुजाता शर्मा ने बताया कि सरकार के कदमों के कारण घरेलू स्तर पर एलपीजी उत्पादन में 25 फीसदी बढ़ी है।
गलत जानकारी के कारण कुछ लोग घबराकर सिलिंडर बुक करा रहे हैं व जमाखोरी कर रहे हैं, पर घरेलू एलपीजी की डिलीवरी आपूर्ति समय करीब ढाई दिन है, इसलिए सिलिंडर बुक करने में जल्दबाजी की जरूरत नहीं है। राज्य सरकारों से ईंधन की जमाखोरी व कालाबाजारी रोकने के लिए जरूरी उपाय करने के लिए कहा गया है।
घबराएं नहीं, कोविड की तरह इस संकट से भी उबरेंगे : एलपीजी की कमी के बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने लोगों से अपील की कि घबराएं नहीं, कोविड-19 की तरह देश इस संकट से भी उबर जाएगा। तमिलनाडु में एक कार्यक्रम में पीएम ने कहा, संघर्ष ने दुनिया की ईंधन आपूर्ति को प्रभावित किया है। हम भारत प्रथम में विश्वास रखते हैं। अफवाहों पर ध्यान न दें। दिखाया कि हमारा राष्ट्र कितना परिपक्व है। मुझे विश्वास है कि राष्ट्र के रूप में हम हर हालात का सफलतापूर्वक सामना करेंगे।
रेस्तरां तलाश रहे विकल्प: वाणिज्यिक गैस सिलिंडरों की किल्लत के चलते देशभर के होटल, स्ट्रीट फूड वेंडर और केटरिंग व्यवसायी वैकल्पिक साधनों की ओर जा रहे हैं। दिल्ली से पुडुचेरी तक कई रेस्तरां या तो बंद हैं या काम के घंटे कम किए गए हैं। दिल्ली हाईकोर्ट की कैंटीन में भी गैस न होने के कारण कुछ देर सेवाएं रोकनी पड़ीं।
