केंद्रीय गृह व सहकारिता मंत्री अमित शाह ने बृहस्पतिवार को भारत टैक्सी सेवा का शुभारंभ किया। यह देश की पहली टैक्सी बुकिंग सेवा है, जिसे सहकारी संस्थाएं संचालित कर रही हैं।
दो महीने के सफल पायलट संचालन के बाद इसकी औपचारिक शुरुआत की गई। अमित शाह ने कहा कि भारत टैक्सी से होने वाला मुनाफा सीधे इससे जुड़े ड्राइवरों को मिलेगा। उन्होंने बताया कि सेवा को अगले दो वर्षों में सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों तक विस्तार देने की योजना है, जबकि तीन वर्षों के भीतर इसे कश्मीर से कन्याकुमारी और द्वारका से कामाख्या तक देशभर में लागू किया जाएगा। फिलहाल यह सेवा दिल्ली-एनसीआर और गुजरात में शुरू की गई है। ग्राहक इसके जरिये कार, तिपहिया और दोपहिया वाहन बुक कर सकते हैं। सरकार के अनुसार, भारत टैक्सी को देश के टैक्सी बुकिंग बाजार में मौजूद ऊबर, ओला और रैपिडो जैसे निजी मंचों के स्वदेशी विकल्प के रूप में पेश किया गया है।
शून्य कमीशन मॉडल पर करती है काम : मल्टी-स्टेट कोऑपरेटिव सोसाइटीज अधिनियम, 2002 के तहत पंजीकृत भारत टैक्सी की स्थापना 6 जून 2025 को हुई थी। इसमें ड्राइवरों से कोई कमीशन नहीं लिया जाता और किराया कभी बढ़ाया नहीं जाता, जिसमें लाभलाभ सीधे ड्राइवरों में बांटा जाता है। आठ प्रमुख सहकारी संगठनों के सहयोग से शुरू इस सेवा से अब तक तीन लाख से अधिक ड्राइवर जुड़ चुके हैं। दिल्ली-एनसीआर और गुजरात में रोजाना दस हजार से ज्यादा यात्राएं पूरी हो रही हैं। ड्राइवरों जिन्हें ‘सारथी’ कहा जाता है के लिए स्वास्थ्य बीमा, दुर्घटना बीमा, सेवानिवृत्ति बचत और सहायता केंद्र जैसी सामाजिक सुरक्षा सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं।
