कल्याणी देवी स्थित मेसर्स ओम साई फार्मास्युस्टिकल फर्म के मालिक संस्कार वर्मा और पार्टनर विनोद कुमार वर्मा पर पुलिस ने FIR दर्ज की है। आरोप है कि कम्पनी ने अवैध तरीके से कोडीनयुक्त कफ सिरप की खरीद-फरोख्त की है। औषधि निरीक्षक संतोष कुमार पटेल की तहरीर पर अतरसुइया पुलिस ने कार्रवाई की है।
FIR के मुताबिक , संतोष पटेल ने बताया कि UP खाद्य सुरक्षा एवं औषधि आयुक्त कार्यलय से फर्म पर कोडीनयुक्त कफ सिरप की खरीद-फरोख्त के दस्तावेज को सत्यापन करने का निर्देश दिया गया।
इस पर औषधि निरीक्षक सुनील कुमार रावत व टीम 11 नवंबर को कल्याणी देवी स्थित कंपनी पहुंची। मौके पर फर्म बंद पाई गई। गेट पर लगी घंटी बजाने पर प्रथम तल पर एक महिला आई।
सुनील ने उन्हें बताया कि गाजियाबाद के थाना नंदग्राम स्थित एक फर्म पर अवैध तरीके से एक कफ सिरप खरीद-फरोख्त के आरोप रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। यहां एस्कफ कफ सिरप की 100 एमएल की 1,27,650 बोतलें बरामद की गई थीं। इसमें मेसर्स ओम साई फार्मास्युस्टिकल फर्म का नाम आया ।
सत्यापन करने के बाद औषधि निरीक्षक ने 14 नवंबर को फर्म को कारण बताओ नोटिस जारी किया, लेकिन कोई भी जवाब नहीं दिया।
इसके बाद पांच दिसंबर को उक्त फर्म के लाइसेंस को निरस्त कर दिया गया। उक्त स्टॉक का भौतिक सत्यापन नहीं कराया गया और ना कोई भी विक्रय एवं अन्य अभिलेख प्रस्तुत किए गए ।
इसके बाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज की है। बता दें कि इससे बमरौली स्थित मेसर्स आशुतोष फार्मा और धूमनगंज लखनपुर स्थित फर्म मेसर्स एमके हेल्थकेयर फर्म पर एफआईआर दर्ज कराई गई थी ।
