लखनऊ। सीएम युवा उद्यमी योजना में परंपरागत के साथ पहली बार इनोवेटिव उद्यमों को जोड़ा गया है। इस योजना के तहत ड्रोन सर्विस और एआई तकनीक से सेवा देने वाले युवाओं ने भी आवेदन किया है। ड्रोन का इस्तेमाल कृषि सेक्टर में करने के आइड़िया के साथ आवेदन ज्यादा आ रहे हैं। इसे देखते हुए सर्विस सेक्टर के 100 से ज्यादा ब्रांड्स ने भी पंजीकरण कराया है।
सरकारी योजनाओं को लेकर युवाओं का उत्साह सामान्यतः बहुत ज्यादा नहीं होता, लेकिन सीएम युवा उद्यमी योजना ने इस परिपाटी को बदला है। इसी का नतीजा है कि 2.92 लाख से ज्यादा आवेदन आ चुके हैं। इनमें से करीब 54 हजार युवाओं को पांच लाख रुपये का लोन बैंक दे चुके हैं।
प्रमुख सचिव औद्योगिक विकास और एमएसएमई आलोक कुमार ने बताया कि सीएम योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व वाली सरकार का लक्ष्य योग्य, शिक्षित और प्रगतिशील सोच वाले युवाओं को अपना व्यवसाय शुरू करने में मदद करके सशक्त बनाना है। इसीलिए नवाचारी योजनाओं को ज्यादा से ज्यादा शामिल करने पर फोकस है।उन्होंने बताया कि तकनीक आधारित उद्यमों के तहत ड्रोन सर्विस को शामिल किया गया है। इसकी शुरुआत खेती में ड्रोन की मदद से दवाओं का छिड़काव, निगरानी, मौसम का हाल, कीटों से बचाव, ग्रोथ आदि से की गई है। इसमें कई युवाओं ने आवेदन किया है।इसी तरह आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस (एआई) टूल्स से जुड़े उद्यमों पर युवाओं का रुझान है। साथ ही रेडी-टू-लांच बिजनेस जैसे टी ऑन व्हील्स, फ्रूट जूस ऑन व्हील्स, वेजिटेबल ऑन व्हील्स, डिजाइनिंग सर्विस, लांड्री और मोबाइल सैलून जैसे उद्यम, भी युवाओं को खूब लुभा रहे हैं।
