प्रयागराज। करेली में अतीक अहमद के रिश्तेदारों का गजब कारनामा सामने आया है। आरोप है कि उन्होंने गैंगस्टर में कुर्क जमीन पर न सिर्फ फिर से कब्जा कर लिया, बल्कि फर्जीवाड़ा करते हुए बेच भी दिया और कॉलोनी बसा दी। जांच में मामला खुलने पर हड़कंप मच गया। बुधवार को इस मामले में पुलिस ने खुद वादी बनकर अतीक के साढू इमरान, उसके दो भाइयों व मां समेत कुल 12 लोगों पर एफआईआर दर्ज कर ली है।
एफआईआर करेली थाना प्रभारी राजेश कुमार मौर्य की तहरीर पर दर्ज की गई है। इसमें उन्होंने बताया है कि मार्च 2021 में तत्कालीन जिला मजिस्ट्रेट प्रयागराज के आदेश पर करेली के ऐनुद्दीनपुर में आठ आराजी की जमीनों को चिह्नित किया गया, जो इमरान, उसके भाई मो. कामरान व जीशान और मां जाहिदा बेगम के नाम पर थी।
इन्हें अपराध से अर्जित संपत्ति करार देते हुए गैंगस्टर के तहत कुर्क कर लिया गया। साथ ही कुर्क संपत्ति का प्रशासक प्रभारी निरीक्षक, थाना करेली को नियुक्त कियागया।। मंगलवार रात गश्त के दौरान यह जानकारी मिली कि उपरोक्त संपत्ति को चारों आरोपियों ने कुर्की की बात छिपाते हुए कई अन्य लोगों संग मिलकर साजिश करते हुए बेच दिया है। यही नहीं, बैनामे में अन्य आराजियों का विवरण दिखाते हुए कुर्क आराजी पर कब्जा भी दिला दिया गया। इस पर खरीदारों ने मकान भी बना लिए हैं।
इस सूचना पर मौके पर राजस्व टीम को बुलाकर जांच कराई गई। इस दौरान उक्त संपत्तियों पर मकान बनाकर निवास करने वालों की रजिस्ट्री की जांच की गई तो पता चला कि संपत्ति बेचने वालों में आठ लोग शामिल हैं।
प्रभारी निरीक्षक का आरोप है कि इमरान, कामरान, जीशान और उनकी माता जाहिदा बेगम ने जमीन का विक्रय करने वाले लोगों संग मिलकर षडयंत्र करके अवैध लाभ कमाने के लिए अन्य आराजियों का बैनामा कराया है।
इसके साथ ही फर्जी तरीके से लोगों को धोखा देकर कुर्कशुदा आराजी वाली भूमि पर अवैध निर्माण भी करा दिया है
