जम्मू-कश्मीर के किश्तवाड़ में सुरक्षाबलों ने जैश-ए-मोहम्मद के तीन पाकिस्तानी आतंकियों को मार गिराया। इनमें 10 लाख का इनामी सरगना सैफुल्लाह भी शामिल है। मुठभेड़ रविवार को छात्रू के घने जंगलों में हुई। सुरक्षाबलों ने रॉकेट दागकर उस ठिकाने को उड़ा दिया, जिसमें आतंकी छिपे हुए थे। धमाके में एक आतंकी की खोपड़ी पूरी तरह उड़ गई। मारे गए आतंकियों के पास। से दो एके-47 राइफल, गोला-बारूद और अन्य हथियार व युद्धक सामग्री बरामद की गई।
आतंकियों के सफाए के लिए सुरक्षाबलों ने जनवरी में ऑपरेशन त्राशी-1 शुरू किया था। सेना के जम्मू स्थित व्हाइट नाइट कौर ने बताया कि खुफिया सूचना मिली थी कि छात्रू क्षेत्र के घने जंगलों में कुछ विदेशी आतंकी छिपे हैं। साझा ऑपरेशन में काउंटर इंसर्जेसी फोर्स डेल्टा, पुलिस और सीआरपीएफ के जवान शामिल थे।
सुबह करीब 11 बजे सुरक्षाबलों ने पहाड़ियों की तलहटी में मिट्टी के मकान में छिपे आतंकियों का पता चला। इसके बाद आतंकियों ने गोलीबारी शुरू कर दी, तब सुरक्षाबलों ने जवाबी कार्रवाई की।
बुरी तरह जले शव : अधिकारियों ने बताया कि गोलीबारी से मिट्टी के मकान में आग लग गई, जिससे आतंकियों के शव बुरी तरह जल गए और उनकी शुरू में पहचान नहीं हो सकी। हालांकि, देर रात साफ हुआ कि इनमें एक जैश का कुख्यात आतंकी सैफुल्लाह है।
वीडियो भी वायरल हुआ है। इसमें आतंकी ठिकाने पर हमले को देखा जा सकता है कि सटीक रॉकेट हमले में आतंकियों का ठिकाने को मलबे में तब्दील कर दिया। वीडियो में पीछे से जवानों की उत्साह से भरी आवाजें आ रही हैं। एक जवान साथी से कहते सुनाई देता है कि बिल्कुल सॉलिड शॉट लगा है… अब नीचे से मारने के लिए बहुत बढ़िया ।
