नई दिल्ली। चीन पर निर्भरता घटाने और देश में ही दर्लभ खनिजों का उत्पादन बढाने के लिए केंद्र सरकार ने 1,345 करोड़ रुपये का प्रोत्साहन (सब्सिडी) देने की योजना बनाई है। यह योजना दुर्लभ खनिज ऑक्साइड को चुंबक में बदलने के लिए हर स्तर पर सहायता प्रदान करेगी।
प्रस्तावित योजना वैश्विक आपूर्ति पर निर्भरता घटाने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है, जो चीन के दुर्लभ खनिज (चुंबक) के निर्यात पर प्रतिबंध लगाने के बाद आई है। चीन के प्रतिबंध से न सिर्फ वैश्विक आपूर्ति प्रभावित हुई है, बल्कि भारत सहित दुनियाभर की इलेक्ट्रिक वाहन कंपनियों की परेशानी बढ़ गई है।
केंद्रीय भारी उद्योग मंत्री एचडी कुमारस्वामी ने शुक्रवार को कहा, दुर्लभ खनिजों के उत्पादन पर प्रोत्साहन देने के लिए 1,345 करोड़ रुपये की योजना पर अंतर-मंत्रालयी विचार-विमर्श जारी है। इसके बाद प्रस्ताव को मंजूरी के लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल के पास भेजा जाएगा।
भारी उद्योग मंत्रालय में सचिव कामरान रिजवी ने बताया, हमें चुंबकों में रुचि है। कोई भी हमें चुंबक देगा, उसे प्रोत्साहन मिलेगा। यह योजना पहली रूपरेखा है, जिसे अंतर-मंत्रालयी परामर्श के लिए भेजा है।
