दक्षिणी अमेरिका के इक्वाडोर मे अलग देश कैलासा बसाने वाले भगोड़ा स्वामी नित्यानंद मैं महाकुंभ मैं शिविर लगाया है। बलात्कार अपहरण जैसे संगीन मामलों का सामंना करने वाली विवादास्पद बाबा नित्यानंद के महाकुंभ शिविर में विशेष पूजा आरती और भंडारा चलाया जा रहा है। सोमवार को उनके शिविर में कैलासा के लिए नागरिकता अभियान चलाने वाले उनके शिष्या चित्रबंदु ने संगम में स्वामी नित्यानंद के डुबकी लगाने का दावा भी किया। खुद को भगवान बताने वाले स्वामी नित्यानंद के अनुयायी महाकुंभ में कैलासा देश की नागरिकता दिलाने के लिए अभीयान चला रहे हैं। मेला प्रशासन की ओर से भूमि सुविधाएं न मिलने के बावजूद स्वामी नित्यानंद ने दारागंज में नागवासुकी के पास किराये पर तीन मंजिला भवन ले लिया। जनवरी में ही इस भवन में प्रयागराज कैलासा के नाम में शिविर स्थापित किया। स्वमी त्रयंबकेश्वर इस शिविर के संचालक हैं। इसमें सेवा के लिए तीन दर्जन से अधिक शिष्य शिष्याओ को अलग-अलग जिम्मेदारी सौंपी गई है । वाहन स्वामी नित्यानंद की देवी देवताओं के बीच सबसे बड़ी प्रतिमा लगाई गई है जहां अनुयायी सुबह दोपहर और शाम स्वामी नित्यानंद की पूजा करते हैं सुबह से देर रात तक भंडारा भी चलाया जा रहा है। प्रथम तल पर स्वामी नित्यानंद की प्रतिमा के समक्ष साधक और अनुयायी विशेष आराधना करते हैं। स्वामी नित्यानंद का यह शिविर 26 फरवरी तक चलेगा प्रतिमा के पास श्रद्धालुओं को दर्शन करने वाले उनकी शिष्या चित्रबंदु और परमशिला ने महाकुंभ स्वामी नित्यानंद के डुबकी लगाने का दावा किया। 2019 में बलात्कार अपहरण जैसे कैस की सुनवाई में अपना पक्ष रखने की बचाएं देश छोड़ने वाले स्वामी नित्यानंद ने इक्वाडोर मे भूमि खरीद कर अलग देश कैलासा बसा लिया है नित्यानंद की अपने देश की खुद की तय की हुई सरहद भी है और अलग संविधान भी हालांकि उनके इस देश को मान्यता नहीं मिली है लेकिन उनका अपना बजट और अपना अलग कानून भी है। नित्यानंद सबसे ज्यादा चर्चा में तब आए जब 2010 मैं उनकी एक अशलील सिडी सामने आई थी इससे शिर्डी में वह साउथ सिनेमा की एक अभिनेत्री के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख रहे थे इस मामले में उन पर अश्लीलता और धोखाधड़ी का केस दर्ज किया गया था। इस मामले में उन्हें गिरफ्तार भी किया गया था लेकिन जमानत पर छोड़ दिया गया 2010 में ही एक अमेरिका महिला ने भी नित्यानंद पर दुष्कर्म का आरोप लगाया महिला ने दावा किया कि धर्म के नाम पर नित्यानंद ने पांच साल तक उनके साथ दुष्कर्म किया। महिला ने बंगलूरू के बिदादी थाने में यह मामला दर्ज करवाया था इस केस का ट्रायल 2018 मैं शुरू हुआ लेकिन नित्यानंद कभी अदालत में पेश ही नहीं हुए इसी तरह वर्ष 2012 मैं नित्यानंद पर फिर दुष्कर्म के आरोप लगे। तब बवाल के बाद नित्यानंद फरार हो गए थे लेकिन कुछ दिन बाद उन्होंने समर्पण कर लिया था इसके बाद 2019 मैं गुजरात के जनार्दन शर्मा ने उन पर दो लड़कियों के अपहरण और बंदी बनाएं रखने का मामला दर्ज कराया था
