लखनऊ। विश्व हिंदू रक्षा परिषद के अंतरराष्ट्रीय प्रतिनिधि महासम्मेलन में रविवार को हिंदू राष्ट्र की पुरजोर मांग उठाई गई। इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में हुए महासम्मेलन में बड़ी संख्या में देश-विदेश से आए प्रतिनिधियों, साधु-संतों और धर्माचार्यों ने भारत को हिंदू राष्ट्र के रूप में स्थापित करने, सनातन मूल्यों की रक्षा, हिंदू समाज को संगठित करने और धर्मांतरण जैसे विषयों पर चर्चा की। इस दौरान ह गोपाल राय को परिषद का अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष चुना गया। अपने अध्यक्षीय भाषण में गोपाल राय ने कहा कि जब तक भारत को हिंदू राष्ट्र घोषित नहीं किया जाता, तब तक हमारा संघर्ष जारी रहेगा।यह केवल एक संगठनात्मक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक हिंदू का कर्तव्य है। उन्होंने विश्वभर में फैले हिंदुओं को संगठित कर एक सशक्त वैश्विक हिंदू समुदाय के निर्माण का आह्वान किया। उन्होंने पाकिस्तान प्रायोजित पहलगाम हमले रोष व्यक्त करते कहा कि जब तक हिंदू बंटता रहेगा, तब तक कटता रहेगा। इसलिए अब न तो बंटना है और न ही कटना है, तभी हम पाकिस्तानी जेहादियों को मुंहतोड़ जवाब दे सकेंगे। इस दौरान वक्ताओं ने कहा कि यह केवल एक संगठनात्मक बैठक नहीं, बल्कि हिंदू जागरण का अंतरराष्ट्रीय मंच है। पूर्व सांसद राम विलास वेदांती ने कहा कि सनातन संस्कृति खतरे में है। सबको संगठित होने की जरूरत है। हनुमानगढ़ी अयोध्या के महंत राजू दास महाराज ने कहा कि पहलगाम की घटना बहुत ही निंदनीय है। धर्म पूछकर पहले भी हत्याएं हो चुकी हैं, इसलिए हिंदू राष्ट्र का निर्माण अति आवश्यक हो रहा है। धर्म संसद को प्रदेश के उप मुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक और सतुआ बाबा ने भी संबोधित किया।
