काठमांडो। नेपाल की प्रधानमंत्री सुशीला कार्की ने कहा कि उनका प्रशासन सत्ता का स्वाद चखने के लिए नहीं है। हम देश को स्थिर करने, न्याय की मांग को पूरा करने और छह महीने के भीतर नए चुनाव की तैयारी करने के लिए सत्ता में हैं। उन्होंने सरकार विरोधी आंदोलन के दौरान तोड़फोड़ और हिंसा में शामिल लोगों की जांच कराने की बात भी कही। साथ ही, जेन-जी आंदोलन के दौरान मारे गए लोगों को शहीद का दर्जा देने का एलान किया। उन्होंने कहा कि पुनर्निर्माण व आर्थिक स्थिरता उनकी अंतरिम सरकार की प्राथमिकता होगी।
काठमांडो स्थित सिंहदरबार में रविवार को नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री के रूप में कार्यभार संभालने के बाद कार्की ने कहा, हम छह महीने से ज्यादा सत्ता में नहीं रुकेंगे और नई संसद को जिम्मेदारी सौंप देंगे। नेपाल के सहयोग के बिना हम सफल नहीं हो सकतेप्रधानमंत्री कार्की ने भ्रष्टाचार, भाई-भतीजावाद और आर्थिक सुधारों की मांग को लेकर 8 सितंबर को युवाओं के नेतृत्व में हुए राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शन की सराहना की। उन्होंने कहा, नेपाल में 27घंटे लंबा आंदोलन पहली बार हुआ है। लोग भ्रष्टाचार खत्म करने और आर्थिक समानता की मांग कर रहे हैं। नेपाल को फिर से खड़ा करने के लिए सभी को साथ आना होगा। हम पीछे नहीं हटेंगे। हमअपने देश को दोबारा मजबूत बनाने के लिए काम करेंगे। हमें जेन-जी पीढ़ी की सोच के अनुसार आगे बढ़ना होगा। उन्होंने 12 सितंबर की रात शपथ ली थी।
