आंध्र प्रदेश के पूर्वी गोदावरी जिले में मिलावटी दूध पीने से पिछले 48 घंटों में चार लोगों की मौत हो गई। इनमें से दो की मौत रविवार को हुई जबकि दो लोगों ने सोमवार को दम तोड़ा। इनके अलावा, 12 लोगों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। उनकी डायलिसिस कराई जा रही है।
पुलिस ने मिलावट करने के न आरोप में दूध की आपूर्ति करने वाले विक्रेता को हिरासत में ले लिया है। उससे पूछताछ की जा रही है। उधर, प्रदेश सरकार ने मामले की जांच के आदेश दिए हैं और मृतकों के परिवारों के लिए 10-10 लाख रुपये की अनुग्रह राशि की घोषणा की है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने घटना की पुष्टि करते हुए बताया कि प्रारंभिक जांच से पता चलता है कि दूषित दूध के कारण लोगों की किडनी खराब हो गई। अचानक मूत्र संबंधी अवरोध पैदा होने से उनकी मौत हो गई।
राजामहेंद्रवरम उत्तर जोन के डीएसपी वाई श्रीकांत ने बताया कि चारों पीड़ित एक ही विक्रेता से दूध खरीदते थे। वह लगभग 40 मवेशियों का और राजामहेंद्रवरम के किसानों से मिले दूध को लाकर घरों में वितरित करता था। जिला कलेक्टर ने बताया कि उन 106 घरों में रक्त परीक्षण किए जा रहे हैं, जहां विक्रेता ने दूध की आपूर्ति की थी।
