लंदन। दक्षिण अफ्रीका के कप्तान तैबा बावुमा अपने कॅरिअर का सबसे महत्वपूर्ण मुकाबला बुधवार से ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ खेलने उतरेंगे। विश्व टेस्ट चैंपियनशिप का यह वह फाइनल है, जिसमें मिली सफलता दक्षिण अफ्रीका की आईसीसी टूर्नामेंट की पिछली विफलताओं पर तो मरहम लगाएगी साथ ही इस टीम पर लगे चोकर्स (दबाव के आगे घुटने टेकने वाले) के ठप्पे को भी हटा देगी। यह आसान नहीं होगा, क्योंकि सामने गत विजेता ऑस्ट्रेलिया है, जो आईसीसी टूर्नामेंट के इतिहास की सबसे सफल टीम है।
ऑस्ट्रेलिया वह इकलौती टीम है, जिसने आईसीसी की चारों ट्रॉफियां (वनडे विश्व कप, चैंपियंस ट्रॉफी, टी-20 विश्व कप और विश्व टेस्ट चैंपियनशिप) जीती हैं। ऑस्ट्रेलिया आईसीसी टूर्नामेंटों में 13 बार फाइनल में पहुंची है, जिसमें 10 बार वह खिताब जीतने में सफल रही है। वहीं, दक्षिण अफ्रीका इन टूर्नामेंटों में जीत के करीब पहुंच कर फिसलती रही है। इस टीम ने 1998 में चैंपियंस ट्रॉफी के रूप में अब तक सिर्फ एक आईसीसी टूर्नामेंट जीता है और उसके पास 27 साल बाद विश्व टेस्ट चैंपियनशिप के रूप में आईसीसी ट्रॉफी जीतने का मौका है। दोनों ही टीमों ने मंगलवार को फाइनल के लिए अपनी अंतिम एकादश की घोषणा भी कर दी।
