बहरिया। रौजा मेला कमेटी के अध्यक्ष सफदर जावेद का आरोप है कि दरगाह पर सोची-समझी साजिश के तहत खुराफात किया गया है। इससे सामाजिक माहौल खराब होगा। सबसे ज्यादा नुकसान स्थानीय लोगों को उठाना पड़ेगा।
सिकंदरा स्थित गाजी मियां की दरगाह पर कई वर्षों से रौजा मेला लगता है। हिंदू-मुस्लिम दोनों समुदाय के लोग आते हैं। इस प्रकार की कभी कोई घटना नहीं हुई। कई वर्ष पहले कुछ लोगों ने विरोध किया था। लेकिन समझाकर उन्हें शांत करा दिया गया था। दरगाह पर हो रहे घटनाक्रम को लेकर स्थानीय लोगों में रोष हैं, लेकिन वे खुलकर बोल नहीं रहे।
मेला कमेटी अध्यक्ष जावेद का कहना है कि पिछले दिनों से जो कुछ होता चला आ रहा है, पब्लिक के सामने है। लोग सब समझ रहे हैं। विरोध करने का एक जायज तरीका होता है। लेकिन यहां बाहर के लोग माहौल खराब करने में लगे हैं। अगर इंस पर रोक नहीं लगाई गई तो सौहार्द बिगड़ेगा। उन्होंने पुलिस की भूमिका से भी असंतुष्टि जताई।
उधर, महाराजा सुहेलदेव सम्मान सुरक्षा मंच प्रयागराज के अध्यक्ष मानेंद्र प्रताप सिंह का कहना है कि सिकंदरा में न तो मसूद सालार गाजी आया था, न ही उसकी यहां कोई दरगाह है। आरोप लगाया कि लोग फर्जी दरगाह बना कर झाड़-फूंक कर रहे हैं। धर्म परिर्वतन करवा रहे हैं। दरगाह हटनी चाहिए। देश के आक्रांताओं के खिलाफ अंतिम दम तक संघर्ष करता रहूंगा।
