दुनिया के पहले डीएनए टीके को भारत में मिली मंजूरी। दुनिया के पहले डीएनए आधारित कोरोना टीके जायकोव-डी को भारत में आपात इस्तेमाल की अनुमति मिल गई।
भारतीय औषधि महानियंत्रक में जाय डस कैडिला के इस सुई रहित टीके को अपनी मंजूरी दे दी। इसके साथ ही भारत में अब टीको की संख्या 6 हो गई है। कोरोना महामारी से बचाव में जायकोव डी को 66. 6 फीसदी तक कारगर बताया गया है।
वहीं स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार 12 साल से ऊपर के बच्चों का टीकाकरण जब तक सही दिशा निर्देश नहीं होगा तब तक नहीं होगा। इस टीके का प्रयोग 18 वर्ष या उससे अधिक आयु वाले लोगों के लिए ही किया जाएगा। इस टीके की तीन खुराक होंगी।
Samiksha
