नई दिल्ली/बीजिंग। चीन से. दुर्लभ अनाजों की भारत को आपूर्ति जल्द बहाल हो सकती है। इसके लिए चीन भारत से बात करने के लिए तैयार है। वहीं, इस मुद्दे पर भारत सरकार ने भी अपनी ओर से पहल करते हुए चीन से संपर्क साधा है। चीन ने अप्रैल में इन दुर्लभ खनिजों के निर्यात पर रोक लगा दी थी।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने बृहस्पतिवार को बताया, दुर्लभ खनिजों की आपूर्ति का पूर्वानुमान लगाने के लिए हम यहां और बीजिंग दोनों जगह चीनी सरकार के संपर्क में हैं। विदेश मंत्रालय ने इससे पहले बताया कि बीजिंग में भारतीय राजदूत प्रदीप कुमार रावत ने चीनी उप मंत्री सन वेइदोंग से मुलाकात के दौरान साझा चिंताओं पर चर्चा की, चीन से दुर्लभ खनिजों की आपूर्ति रुकने से भारत में ऑटो व अन्य उद्योगों के सामने आ रही परेशानियों का मुद्दा भी शामिल है। बीजिंगमें चीनी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता लिन जियान ने कहा, चीन वैश्विक औद्योगिक और आपूर्ति श्रृंखला की स्थिरता बनाए रखने के लिए संबंधित देशों के साथ वार्ता और सहयोग बढ़ाना चाहता है।
लिन से यह पूछा गया था कि चीन, अमेरिका और यूरोपीय संघ की तरह भारत के खिलाफ दुर्लभखनिजों की आपूर्ति पर लगा प्रतिबंध भी हटाने के लिए इच्छुक है। हालांकि, इस बारे में फिलहाल उन्होंने ज्यादा जानकारी नहीं दी। अप्रैल की शुरुआत में चीनी वाणिज्य मंत्रालय और सीमा शुल्क के सामान्य प्रशासन की ओर से दुर्लभ धातुओं के निर्यात पर रोक लगा दी गई थी।
