अहमदाबाद। एअर इंडिया विमान हादसे में एकमात्र जीवित बचे रमेश विश्वास कुमार की सीट आपातकालीन निकास द्वार के पास श्री। हादसा होते ही वह किसी तरह विमान से छलांग लगाकर बाहर कूदने में सफल रहे। अस्पताल में भर्ती भारतीय मूल के ब्रिटिश नागरिक रमेश (40) ने बताया कि मैं भारत में अपने परिवार से मिलने के बाद भाई के साथ ब्रिटेन जा रहा था। विमान टेक ऑफ होने के 30 सेकंड बाद ही जबरदस्त आवाज के साथ दुर्घटनाग्रस्त हो गया। जब मुझे होश आया तो मेरे अगल-बगल लाशें ही लाशें थी। मैं डर कर भागा। मेरे चारों ओर विमान के टुकड़े पड़े हुए थे। रमेश ने बताया कि किसी ने मुझे पकड़ लिया और एंबुलेंस में डालकर अस्पताल ले गया। टीवी चैनलों पर चले फुटेज में खून से सने सफेद टी-शर्ट और गहरे रंग की पैंट पहने रमेश को सड़क पर लंगड़ाते हुए दिखाया गया है। एक डॉक्टर ने उनकी मदद की।
लाशों के बीच आया होश तो डरकर भागा रमेश के चेहरे, पर चोट के निशान थे और उसकी दाढ़ी बढ़ी हुई थी। रमेश विमान की सीट 11ए पर बैठे थे। उन्होंने बताया कि उनका भाई अजय विमान में एक अलग पंक्ति में बैठा था। उन्होंने उसे खोजने के लिए लोगों से मदद भी मांगी।अहमदाबाद में वरिष्ठ पुलिस अधिकारी विधि चौधरी ने कहा, रमेश आपातकालीन निकास द्वार के पास बैठे थे और कूदकर निकलने में सफल रहे। ब्रिटेन में रहने वाले रमेश के परिवार के एक सदस्य ने बताया कि वह बच गए हैं. और परिवार उनके संपर्क में है, लेकिन उन्होंने और जानकारी देने से इन्कार कर दिया। ब्रिटेन के लीसेस्टर में रहने वाले रमेश के चचेरे भाई अजय अजय वलगी ने बेताया कि रमेश ने फोन पर बात कर पुष्टि की कि वह ठीक हैं। उन्होंने कहा कि परिवार ने रमेश के भाई के बारे में कुछ नहीं सुना है।
